Lekin Wo Haq Mujhe Kab Doge

लेकिन वो हक मुझे कब दोगे


स्नेहा.......
कहां हो यार...
एक गिलास ठंडा पानी पिला दो।
चिल्लाता हुआ देवदत्त 
घर मे आया

मैं कुछ जरूरी काम कर रही हूं,
तुम खुद पी लो पानी
स्नेहा का जवाब था...

अरे... आज तो खुश हो जायो,
मैं औरतों के हकों के लिए
protest करके आया हूं... 
देवदत्त बोला।

लेकिन,
वो हक मुझे कब दोगे...
स्नेहा का जबाव था

और घर में थी खामोशी...


-Gulshan Udham

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